जर्मनी की चरमपंथी पार्टी एएफडी के खुलकर समर्थन में उतरे मस्क, आव्रजन के खतरे के प्रति किया आगाह
*जर्मनी की चरमपंथी पार्टी एएफडी के खुलकर समर्थन में उतरे मस्क, आव्रजन के खतरे के प्रति किया आगाह*
जर्मनी के हल्ले में एएफडी पार्टी के कार्यक्रम में बोलते हुए एलन मस्क ने पार्टी के प्रति अपना समर्थन जताया और आगामी 23 फरवरी को होने वाले चुनाव में एएफडी को सबसे बेहतर विकल्प बताया।
दिग्गज अरबपति एलन मस्क अमेरिका में दक्षिणपंथी डोनाल्ड ट्रंप का सफल समर्थन करने के बाद अब जर्मनी की राजनीति में भी सक्रिय हो गए हैं। एलन मस्क जर्मनी की धुर दक्षिणपंथी पार्टी एएफडी का समर्थन कर रहे हैं। शनिवार को एएफडी पार्टी ने आगामी चुनाव के लिए अपने चुनाव अभियान की शुरुआत की तो एलन मस्क ने भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित किया। हालांकि जर्मनी में ही एएफडी पार्टी का विरोध बढ़ रहा है और शनिवार को हजारों की संख्या में लोगों ने एएफडी पार्टी का विरोध किया।
*मस्क बोले- जर्मनी के चुनाव दुनिया के लिए अहम*
जर्मनी के हैले में एएफडी पार्टी के कार्यक्रम में बोलते हुए एलन मस्क ने पार्टी के प्रति अपना समर्थन जताया और आगामी 23 फरवरी को होने वाले चुनाव में एएफडी को सबसे बेहतर विकल्प बताया। मस्क के साथ इस कार्यक्रम में एएफडी पार्टी की नेता एलिस वीडेल भी शामिल हुईं। मस्क ने कहा कि 'जर्मनी के लोग खुद को जर्मन कहलाने पर गर्व महसूस करते हैं।' मस्क ने आव्रजन के मुद्दे पर भी बात की और कहा कि चुनाव में यह मुद्दा सबसे अहम होगा। मस्क ने आव्रजन के मुद्दे पर चेताते हुए कहा कि 'बहुसंस्कृतिवाद से सबकुछ धुंधला हो जाता है। हमें अपनी राष्ट्रीय पहचान को बचाने की जरूरत है।' मस्क ने ये भी कहा कि आगामी चुनाव पूरे यूरोप की किस्मत का फैसला करने वाला होगा और ये पूरी दुनिया के लिए भी अहम है।
*मस्क से नाराज जर्मनी की राजनीतिक पार्टियां*
उल्लेखनीय है कि जर्मनी के चांसलर ओलाफ शोल्ज बीते दिसंबर में विश्वास मत हार गए थे, जिसके चलते उनकी गठबंधन सरकार गिर गई थी। अब जर्मनी में नई सरकार के चुनाव के लिए चुनाव होने हैं। इन चुनाव में कट्टर विचारधारा वाली पार्टी एएफडी भी मैदान में है। एएफडी को जहां खूब समर्थन मिल रहा है, तो बड़ी संख्या में लोग इसका विरोध भी कर रहे हैं। मस्क द्वारा एएफडी को समर्थन देने से जर्मनी के राजनेता मस्क से नाराज हैं और उनका कहना है कि मस्क जर्मनी के चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं।