इमरान खान को रिहा किया जाए...', ट्रंप के विशेष मिशनों के लिए दूत रिचर्ड ग्रेनेल ने की अपील

इमरान खान को रिहा किया जाए...', ट्रंप के विशेष मिशनों के लिए दूत रिचर्ड ग्रेनेल ने की अपील

*इमरान खान को रिहा किया जाए...', ट्रंप के विशेष मिशनों के लिए दूत रिचर्ड ग्रेनेल ने की अपील*

अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के विशेष दूत रिचर्ड ग्रेनेल ने पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई की मांग की, जो भ्रष्टाचार के मामले में जेल में बंद हैं। ग्रेनेल ने कहा कि ट्रंप और इमरान के बीच अच्छे संबंध रहे हैं।

अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के विशेष मिशनों के लिए दूत रिचर्ड ग्रेनेल ने बुधवार को पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई की अपील की। इमरान बीते एक साल से ज्यादा समय से भ्रष्टाचार के आरोप में रावलपिंडी की अदियाला जेल में बंद हैं। 



ग्रेनेल ने अमेरिकी समाचार चैनल 'न्यूज मैक्स' से बातचीत में कहा, 'ट्रंप के पहले कार्यकाल के दौरान इमरान खान जब सत्ता में आए थे, तब अमेरिका और पाकिस्तान के संबंध बेहतर हुए थे।' उन्होंने आगे कहा, 'पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) पार्टी के संस्थापक खान को एक पारंपरिक नेता के बजाय एक बाहर व्यक्ति के रूप में देखा गया था।'

*सीधी-सच्ची भाषा में बात करते थे इमरान खान: ग्रेनेल*

उन्होंने इमरान खान की स्थिति को ट्रंप के साथ जोड़ते हुए उनकी रिहाई की मांग की। ग्रेनेल ने कहा, इमरान खान उन्हीं आरोपों का सामना कर रहे हैं, जिनके कारण पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप को भी सजा हुई थी। उन्होंने कहा, इमरान खान के कार्यकाल के दौरान पाकिस्तान के साथ हमारे अच्छे संबंध थे। वह क्रिकेट खिलाड़ी रहे हैं और पाकिस्तान की क्रिकेट टीम के कप्तान रहे हैं। वह राजनेता की तरह नहीं थे और सीधी-सच्ची भाषा में बात करते थे। इमरान खान और डोनाल्ड ट्रंप के बीच बहुत अच्छे संबंध थे।

*सैन्य अदालत में नागरिकों को सजा पर जताई चिंता*

ग्रेनेल ने अमेरिका के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर की एक पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए मंगलवार को इमरान खान की रिहाई की मांग की। उन्होंने मिलर की आलोचना करते हुए कहा कि पाकिस्तान में नागरिकों को सैन्य अदालत द्वारा सजा दिए जाने पर अमेरिका की चिंता बहुत देर में आई है और यह बहुत कम और बेहद कमजोर प्रयास है। उन्होंने एक्स पर मिलर की पोस्ट की प्रतिक्रिया में लिखा, आप देर से आए हैं । यह बहुत कम और बेहद कमजोर है। सामान्य तरीके से बात करें। इमरान खान को रिहा कराएं।